दाँतों की देखभाल
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दाँतों की जाँच और पेशेवर सफ़ाईदंत चिकित्सक दाँत और मसूड़े देखते हैं, और हाइजीनिस्ट दाँतों का पत्थर और परत हटाती है। यह खास औज़ारों और मुलायम पाउडर से होता है।⏱ आमतौर पर 40-60 मिनटदाँत की सड़न (कैविटी) का इलाजदंत चिकित्सक दाँत का सड़ा हुआ हिस्सा निकालकर गड्ढे को फिलिंग से भर देते हैं। आमतौर पर यह लोकल सुन्न करने की दवा लगाकर किया जाता है।⏱ आमतौर पर एक दाँत के लिए 30-60 मिनटदांत की नलियों का इलाज (रूट कैनाल)डॉक्टर दांत के अंदर से सूजी हुई नस निकालते हैं, जड़ों की नलियां साफ़ करते हैं और उन्हें कसकर बंद कर देते हैं। दांत बचा रहता है।⏱ एक विज़िट में आमतौर पर 1–2 घंटे; अक्सर 1–3 विज़िट चाहिएदांत निकलवानादंत चिकित्सक लोकल एनेस्थीसिया (सुन्न करने की दवा) देकर दांत निकालते हैं। आमतौर पर इसमें कुछ मिनट लगते हैं।⏱ आमतौर पर 15–30 मिनटअक्ल दाढ़ निकलवानाओरल सर्जन आख़िरी दाँत, यानी अक्ल दाढ़, निकालते हैं। आमतौर पर लोकल एनेस्थीसिया में। अगर दाँत हड्डी में दबा है तो मसूड़े में छोटा चीरा लगाते हैं।⏱ आमतौर पर 20–60 मिनटदाँत पर कैप (क्राउन)क्राउन एक नकली "टोपी" है, जो खराब हुए दाँत पर पहनाई जाती है। वह दाँत की रक्षा करती है और उसका आकार लौटा देती है।⏱ आमतौर पर 1-2 घंटे की 2 मुलाक़ातें, बीच में 1-2 हफ़्तेब्रेसेसऑर्थोडॉन्टिस्ट दाँतों पर छोटे ब्रैकेट चिपकाते हैं और उन्हें तार से जोड़ते हैं। तार धीरे-धीरे दाँतों को सही जगह पर खिसकाता है।⏱ लगाने में आमतौर पर 1–2 घंटे; इलाज आमतौर पर 1.5–2.5 सालदाँतों की ब्लीचिंग (सफ़ेदी)दंत चिकित्सक दाँतों पर ख़ास जेल लगाते हैं, जो इनेमल को कई शेड हल्का कर देता है।⏱ आमतौर पर 1–1.5 घंटेबच्चे के दांतों की सीलिंग (फिशर सीलेंट)दंत चिकित्सक चबाने वाले दांतों की दरारों को पतली सुरक्षा परत से भर देते हैं। इससे उनमें खाना नहीं फंसता और कैविटी कम होती है।⏱ आमतौर पर एक दांत पर 5–10 मिनटबच्चे की दंत चिकित्सक से पहली मुलाक़ातबच्चों के दंत चिकित्सक बच्चे को कमरे से परिचित कराते हैं और दाँत देखते हैं। आमतौर पर कुछ इलाज नहीं होता, मुख्य बात यह है कि बच्चा डरे नहीं।⏱ आमतौर पर 15-30 मिनटदाँतों की पेशेवर सफ़ाईहाइजीनिस्ट अल्ट्रासाउंड और खास ब्रशों से दाँतों का पत्थर और परत हटाती है। दाँत चिकने और साफ़ हो जाते हैं।⏱ आमतौर पर 40-60 मिनटदाँतों पर फ़्लोराइड लगानाडॉक्टर दाँतों पर फ़्लोराइड वाला वार्निश या जेल लगाते हैं। इससे इनेमल मज़बूत होता है और दाँत कैविटी से बचते हैं।⏱ आमतौर पर 10–20 मिनटबच्चे का दूध का दांत निकलवानाबच्चों के दंत चिकित्सक लोकल सुन्नता में दूध का दांत सावधानी से निकालते हैं। यह आमतौर पर जल्दी हो जाता है।⏱ आमतौर पर 10 से 20 मिनटपल्पाइटिस (दांत की नस) का इलाजपल्पाइटिस यानी दांत के अंदर की नस में सूजन। डॉक्टर सुन्न करके सूजा हुआ हिस्सा हटाते हैं, नलियां साफ़ करते हैं और उन्हें भर देते हैं।⏱ एक बार की विज़िट आमतौर पर 1–2 घंटे; अक्सर 1–3 विज़िट चाहिएमसूड़ों का इलाज (क्यूरेटेज)डॉक्टर सुन्न करके दांत और मसूड़े के बीच की जगह (पॉकेट) साफ करते हैं। वहां से पथरी और परत हटाई जाती है, जिसकी वजह से मसूड़े में सूजन होती है।⏱ एक बार में आमतौर पर 40–90 मिनट; अक्सर इलाज हिस्सों में कुछ मुलाकातों में होता हैवीनियर्स (दाँतों पर पतली परत)वीनियर दाँतों के सामने की सतह पर लगने वाली पतली परतें हैं। ये दाँतों का रंग और आकार बदल देती हैं।⏱ आमतौर पर 1–3 हफ़्तों में 2–3 मुलाक़ातें; हर मुलाक़ात आमतौर पर 1–2 घंटेब्रिज (दाँतों का पुल)ब्रिज एक या कुछ निकाले गए दाँतों की जगह भरता है। वह पास के दाँतों या इम्प्लांट पर टिका होता है और निकाला नहीं जाता।⏱ आमतौर पर 1–3 हफ़्ते में 2–3 मुलाक़ातेंनिकालने वाली नकली दाँतों की पंक्ति (डेन्चर)यह कई या सभी दाँतों की जगह लगने वाला डेन्चर है। इसे आप खुद निकाल और पहन सकते हैं, ताकि साफ़ कर सकें।⏱ आमतौर पर कुछ हफ़्तों में 3–5 बार क्लिनिक जाना होता है; आदत पड़ने में आमतौर पर कुछ हफ़्ते से दो-एक महीने लगते हैंएलाइनर (दाँत सीधे करने वाले कैप)एलाइनर पारदर्शी कैप होते हैं जो दाँतों को धीरे-धीरे खिसकाते हैं। हर 1–2 हफ़्ते में नया कैप पहना जाता है।⏱ इलाज आमतौर पर कुछ महीनों से 1–2 साल तक चलता है; कैप दिन में 20–22 घंटे पहने जाते हैंदाँत पीसने के लिए माउथ गार्डयह दाँतों पर चढ़ने वाली पतली पारदर्शी परत है, जिसे रात को पहना जाता है। जब आप नींद में दाँत भींचते या पीसते हैं, तो यह दाँतों को घिसने से बचाती है।⏱ नाप लेने में आमतौर पर 15–20 मिनट; गार्ड आमतौर पर कुछ दिनों में तैयार हो जाती हैबेहोशी की दवा (सेडेशन) में दाँतों का इलाजआपको शांत करने वाली दवा दी जाती है और आप तंद्रा जैसी आरामदायक अवस्था में दाँतों का इलाज करवाते हैं। दाँत को साथ में सामान्य सुई से सुन्न भी किया जाता है।⏱ इलाज आमतौर पर 1-3 घंटे, उसके बाद क्लिनिक में आराम का समयदांतों की संवेदनशीलता (झनझनाहट) का इलाजडॉक्टर दांतों के संवेदनशील हिस्सों पर सुरक्षा वाला लेप लगाते हैं। इससे दांत ठंडे, खट्टे और मीठे पर कम झनझनाते हैं।⏱ आमतौर पर 15–40 मिनट; असर अक्सर तुरंत या कुछ बार के बाद दिखता हैदांत में इनलेइनले एक मज़बूत पुर्ज़ा है, जो टूटे हुए दांत के हिस्से के ठीक आकार में बनाया जाता है। इसे बड़ी फिलिंग की जगह चिपकाया जाता है।⏱ आमतौर पर 1-1 घंटे की 2 मुलाकातें; इनले आमतौर पर कुछ दिन से 2 हफ्ते में बनता हैदाँत का छोटा एक्स-रेयह एक या कई दाँतों का छोटा एक्स-रे है। इसमें दाँतों के बीच की सड़न और जड़ की हालत दिखती है।⏱ आमतौर पर 1-5 मिनट; तस्वीर तुरंत तैयारदूध के दाँतों की सड़न का इलाजदंत चिकित्सक दूध के दाँत का गड्ढा साफ़ करके फिलिंग लगाते हैं। इससे दाँत स्थायी दाँत आने तक बना रहता है।⏱ आमतौर पर एक दाँत के लिए 20-40 मिनटदूध के दांत की पल्पोटोमीदंत चिकित्सक दूध के दांत के ऊपरी हिस्से में सूजी हुई नस निकालते हैं। जड़ें ज़िंदा रहती हैं और दांत पर फिलिंग या क्राउन लगा दिया जाता है।⏱ आमतौर पर 30–60 मिनटबच्चे के दूध के दांत पर क्राउनदंत चिकित्सक बच्चे के दूध के दांत पर बना-बनाया बच्चों वाला क्राउन (टोपी) लगाते हैं। यह बहुत खराब हुए दांत को उसके गिरने तक बचाए रखता है।⏱ आमतौर पर 30 से 60 मिनटबच्चे के लिए निकालने वाली ऑर्थोडॉन्टिक प्लेटप्लेट प्लास्टिक का निकालने वाला उपकरण है जिसमें तार लगे होते हैं। यह धीरे-धीरे दांतों को हिलाती है और जबड़े को सही बढ़ने में मदद करती है।⏱ नाप का सांचा लेने में आमतौर पर 15–20 मिनट, पहनना आमतौर पर कुछ महीनों से 1–2 साल तकतालू फैलाने वाला उपकरण (पैलेट एक्सपैंडर)यह स्क्रू वाला उपकरण है जो ऊपर के दाँतों पर लगाया जाता है। इसे धीरे-धीरे कसा जाता है और ऊपर का जबड़ा चौड़ा होता जाता है।⏱ लगाने में आमतौर पर 30–60 मिनट, पहनना आमतौर पर कुछ महीनेब्रेसेस के बाद रिटेनररिटेनर ब्रेसेस के बाद दांतों को अपनी जगह पर टिकाए रखता है। यह दो तरह का होता है: स्थायी, यानी दांतों के पीछे लगा पतला तार, या निकालने वाला पारदर्शी कैप।⏱ लगाने में आमतौर पर 20–40 मिनट, पहनना आमतौर पर सालों तक, समय ऑर्थोडॉन्टिस्ट बताएंगेब्रेसेस के साथ दाँतों की सफ़ाईब्रेसेस के साथ खाना आसानी से फँसता है और दाँतों को ज़्यादा ध्यान से साफ़ करना पड़ता है। घर पर रोज़ ऐसे करें।⏱ आमतौर पर सुबह और शाम 5–10 मिनटदाँत सीधे करने वाले डॉक्टर (ऑर्थोडॉन्टिस्ट) से सलाहऑर्थोडॉन्टिस्ट दाँतों और बाइट (ऊपर-नीचे के दाँतों के मिलने) को देखते हैं। वे बताते हैं कि दाँतों को सीधा करना ज़रूरी है या नहीं और किस तरीके से।⏱ आमतौर पर 30–60 मिनटजीभ की झिल्ली (फ्रेनुलम) कटवानाडॉक्टर जीभ के नीचे की छोटी झिल्ली में छोटा-सा चीरा लगाते हैं। इसके बाद जीभ ज़्यादा आसानी से हिलती है।⏱ प्रक्रिया आमतौर पर कुछ मिनट की; बड़े बच्चों में 30 मिनट तकहोंठ की झिल्ली (फ्रेनम) की प्लास्टीडॉक्टर होंठ की छोटी झिल्ली को ठीक करते हैं, यानी होंठ और मसूड़े के बीच की तह। इसके बाद होंठ आसानी से हिलता है और मसूड़े को नहीं खींचता।⏱ प्रक्रिया आमतौर पर 15 से 30 मिनटबच्चे में स्टोमेटाइटिस (मुंह के छाले)ये बच्चे के मुंह में दर्द करने वाले छाले या सफ़ेद धब्बे हैं। डॉक्टर देखते हैं कि इनकी वजह क्या है और इलाज चुनते हैं।⏱ मुलाकात आमतौर पर 15–30 मिनट; छाले आमतौर पर 1–2 हफ़्ते में भर जाते हैंबच्चे के दाँत कैसे साफ़ करेंबच्चे का पहला दाँत निकलते ही उसे ब्रश कराना शुरू करना चाहिए। यहाँ बताया गया है कि घर पर इसे आसानी से और प्यार से कैसे करें।⏱ आमतौर पर सुबह और रात को 2-2 मिनटहिलते दांतों की स्प्लिंटिंगडॉक्टर हिलते हुए दांतों को पास के दांतों के साथ पतली पट्टी या तार से जोड़ देते हैं। इससे दांत ज़्यादा मज़बूती से टिके रहते हैं।⏱ आमतौर पर 30–90 मिनटमसूड़ों की फ़्लैप सर्जरीडॉक्टर मसूड़े को सावधानी से अलग करके दाँतों की जड़ों से टार्टर और सूजन साफ़ करते हैं। फिर मसूड़े को वापस रखकर टाँके लगाते हैं।⏱ आमतौर पर 1–2 घंटेमसूड़े की ग्राफ्टिंग (गम रिसेशन की सर्जरी)डॉक्टर खुले हुए दांत की जड़ को अपने ही ऊतक के टुकड़े से ढकते हैं, आमतौर पर तालू से, या किसी खास सामग्री से।⏱ आमतौर पर 1–2 घंटेदांत की नलियों का दोबारा इलाजडॉक्टर उस दांत को खोलते हैं जिसका पहले इलाज हो चुका है, नलियों से पुरानी भराई निकालते हैं, उन्हें साफ़ करते हैं और दोबारा भरते हैं।⏱ आमतौर पर 1–2 घंटे, अक्सर 2–3 विज़िट मेंदाँत की जड़ की नोक निकालना (दाँत की सिस्ट हटाना)सर्जन मसूड़े में छोटा चीरा लगाकर दाँत की जड़ की नोक को सिस्ट के साथ निकाल देते हैं। दाँत खुद अपनी जगह रहता है।⏱ ऑपरेशन आमतौर पर 30–90 मिनटडेंटल इम्प्लांट की देखभालइम्प्लांट में कैविटी नहीं होती, पर उसके चारों ओर का मसूड़ा सूज सकता है। रोज़ इसकी देखभाल ऐसे करें।⏱ आमतौर पर सुबह और शाम 3–5 मिनटक्लैस्प वाला नकली दाँतों का सेट (बुगेल डेंचर)यह एक पतली धातु की चाप पर बना निकाले जा सकने वाला नकली दाँतों का सेट है। यह अपने दाँतों पर हुक या क्लैस्प से टिकता है।⏱ बनने में आमतौर पर कुछ हफ़्तों में कई मुलाक़ातेंडेन्चर की देखभालनिकालने वाले डेन्चर को दाँतों की तरह रोज़ साफ़ करना चाहिए। घर पर इसकी देखभाल ऐसे करें।⏱ आमतौर पर सुबह और शाम 5-5 मिनटजबड़े के जोड़ (TMJ) के दर्द का इलाजडॉक्टर पता लगाते हैं कि जबड़े का जोड़ क्यों दुखता है या आवाज़ करता है, और इलाज चुनते हैं। अक्सर कसरतें, नाइट गार्ड और मांसपेशियों का तनाव कम करना काम आता है।⏱ पहली मुलाकात आमतौर पर 30–60 मिनट; इलाज कुछ हफ्तों या महीनों कामसूड़े का फोड़ा (फ़्लक्स) खोलनाडॉक्टर मसूड़े पर छोटा चीरा लगाकर मवाद निकाल देते हैं। इससे दबाव और दर्द कम हो जाता है।⏱ प्रक्रिया खुद आमतौर पर 15-30 मिनटदाँत निकलवाने के बाद ड्राई सॉकेट का इलाजडॉक्टर निकाले हुए दाँत की जगह को साफ़ करते हैं और उसमें दवा वाली पट्टी रखते हैं। इससे दर्द कम होता है और घाव भरने में मदद मिलती है।⏱ प्रक्रिया आमतौर पर 15–20 मिनट; घाव भरने में 1–2 हफ़्तेदांतों का डिजिटल स्कैन (डिजिटल इम्प्रेशन)डॉक्टर मुँह में एक छोटा स्कैनर घुमाते हैं और स्क्रीन पर आपके दांतों का 3D मॉडल बन जाता है। इसमें नाप लेने वाले मसाले (इम्प्रेशन मटेरियल) की ज़रूरत नहीं पड़ती।⏱ आमतौर पर 5 से 20 मिनट; मॉडल तुरंत स्क्रीन पर दिख जाता हैगर्भावस्था में दाँतों का इलाजगर्भावस्था में दाँतों का इलाज करवाया जा सकता है और करवाना चाहिए। डॉक्टर सुरक्षित सुन्न करने की दवा और इलाज का समय चुनते हैं।⏱ मुलाक़ात आमतौर पर 30-60 मिनटपोस्ट (खूँटी) पर दाँत की मरम्मतजब दाँत का बहुत कम हिस्सा बचा हो, तो जड़ में एक पोस्ट या इनले लगाया जाता है। उस पर बाद में फ़िलिंग या क्राउन टिकाया जाता है।⏱ आमतौर पर 30 से 60 मिनट की 1-2 मुलाक़ातें