लिवर और पित्ताशय का अल्ट्रासाउंड
लिवर का अल्ट्रासाउंड · गॉल ब्लैडर का अल्ट्रासाउंड · पित्ताशय की सोनोग्राफी · ऊपरी पेट का अल्ट्रासाउंड
डॉक्टर अल्ट्रासाउंड से लिवर, पित्ताशय और पित्त की नलियाँ देखते हैं। यह सुरक्षित है, इसमें रेडिएशन नहीं होता।
दाहिनी तरफ़ पसलियों के नीचे दर्द हो, लिवर की जाँचों में गड़बड़ी हो, या पथरी या फैटी लिवर का शक हो।
⏱ कितना समय लगता है: आमतौर पर 15–20 मिनट

डॉक्टर को ज़रूर बताएँ
तैयारी कैसे करें
- खाना. 6–8 घंटे कुछ न खाएँ: खाने के बाद पित्ताशय सिकुड़ जाता है और ठीक से नहीं दिखता। आमतौर पर यह जाँच सुबह खाली पेट होती है।
- एक दिन पहले. रात का खाना हल्का रखें, कोल्ड ड्रिंक, कच्ची सब्ज़ियाँ, राजमा-चना और काली ब्रेड से बचें। गैस कम होगी तो साफ़ दिखेगा।
- पानी. थोड़ा पानी पी सकते हैं। अगर क्लिनिक गैस की दवा लेने को कहे तो उनके बताए अनुसार लें।
साथ क्या लाएँ
- डॉक्टर की पर्ची (रेफरल)
- पहले के अल्ट्रासाउंड की रिपोर्ट, अगर हो
- जेल पोंछने के लिए टिश्यू या तौलिया
यह कैसे होता है
- आप पीठ के बल लेटते हैं और पेट खोलते हैं
- डॉक्टर ठंडा जेल लगाते हैं
- प्रोब को पेट के दाहिने हिस्से में पसलियों के नीचे घुमाया जाता है
- आपसे गहरी साँस लेकर कुछ सेकंड रोकने को कहा जाएगा
- कभी-कभी बाईं करवट लेने को कहा जाता है
आपको क्या महसूस होगा
- जेल ठंडा लगता है
- प्रोब से हल्का दबाव पड़ता है, दर्द नहीं होता
उसके बाद
- जेल पोंछ दिया जाता है, आप तुरंत खा सकते हैं
- रिपोर्ट आमतौर पर तुरंत मिल जाती है
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
लिवर के अल्ट्रासाउंड में खाली पेट क्यों आना होता है?
खाने के बाद पित्ताशय सिकुड़ जाता है और डॉक्टर पथरी नहीं देख पाते। इसीलिए 6–8 घंटे कुछ न खाएँ।
क्या अल्ट्रासाउंड में फैटी लिवर दिखता है?
हाँ, अक्सर दिख जाता है। लिवर की कठोरता जानने के लिए कभी-कभी अलग से इलास्टोग्राफी भी की जाती है।