चोट के बाद ऑर्थोसिस और स्प्लिंट
स्प्लिंट · प्लास्टर की पट्टी · ऑर्थोसिस · सपोर्ट बैंडेज · फ़िक्सेटर
चोट लगे हाथ, पैर या जोड़ को बांध दिया जाता है, ताकि वह हिले नहीं और ठीक हो सके। इसके लिए स्प्लिंट, प्लास्टर की पट्टी या तैयार ऑर्थोसिस इस्तेमाल होती है।
हड्डी टूटने, दरार, जोड़ खिसकने, गंभीर मोच और कुछ ऑपरेशनों के बाद।
⏱ कितना समय लगता है: लगाने में आमतौर पर 10–30 मिनट; पहनना उतने समय तक जितना डॉक्टर कहें, अक्सर कुछ दिन से कुछ हफ़्ते

डॉक्टर को ज़रूर बताएँ
तैयारी कैसे करें
- मुलाकात से पहले. चोट वाली जगह को आराम दें, कपड़े में लपेटकर ठंडी सिकाई कर सकते हैं। जोड़ को खुद से बिठाने की कोशिश न करें।
- गहने. चोट वाले हाथ से अंगूठियां, कंगन और घड़ी पहले ही उतार दें, सूजन आने पर उतारना मुश्किल होता है।
- कपड़े. चौड़ी आस्तीन या पायंचे वाले ढीले कपड़े।
साथ क्या लाएँ
- पहचान पत्र
- फ़िल्में और रिपोर्टें, अगर एक्स-रे हो चुका है
- तैयार ऑर्थोसिस, अगर डॉक्टर के कहने पर ख़रीदा हो
यह कैसे होता है
- डॉक्टर चोट देखते हैं और ज़रूरत हो तो एक्स-रे के लिए भेजते हैं
- सहारे का प्रकार और नाप चुनी जाती है
- त्वचा पर नरम गद्दी रखी जाती है
- स्प्लिंट लगाया जाता है या ऑर्थोसिस पहनाकर पट्टी या बकल से कस दिया जाता है
- जांचते हैं कि उंगलियां गर्म हैं, हिलती हैं और पट्टी दबा नहीं रही
- समझाते हैं कि कैसे पहनें, कैसे उतारें और जांच के लिए कब आएं
आपको क्या महसूस होगा
- लगाते समय दर्द हो सकता है, अगर चोट वाली जगह हिलाई जाए
- पहले कुछ दिन अटपटा और असुविधाजनक लगता है, यह सामान्य है
- पट्टी के नीचे त्वचा में खुजली हो सकती है
उसके बाद
- पहले कुछ दिन हाथ या पैर को ऊपर उठाकर रखें, इससे सूजन कम होती है
- प्लास्टर की पट्टी गीली न करें; ऑर्थोसिस सिर्फ़ डॉक्टर की अनुमति से उतारें
- खुजली हो तब भी पट्टी के नीचे कुछ न डालें
- डॉक्टर के बताए समय पर जांच और एक्स-रे के लिए आएं
इन स्थितियों में तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें
- उंगलियां नीली, पीली या ठंडी हो जाएं, तो तुरंत डॉक्टर के पास जाएं
- पट्टी के नीचे तेज़ बढ़ता दर्द, सुन्नपन या झनझनाहट
- पट्टी गीली हो जाए, चटक जाए या बहुत कस जाए
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
क्या रात में स्प्लिंट उतार सकते हैं?
सिर्फ़ तब जब डॉक्टर ने अनुमति दी हो। अक्सर स्प्लिंट बिना उतारे पहना जाता है, वरना हड्डी खिसक सकती है।
प्लास्टर के नीचे खुजली हो तो क्या करें?
उसके नीचे कुछ न डालें। हेयर ड्रायर की ठंडी हवा से मदद मिलती है। अगर खुजली तेज़ हो, तो डॉक्टर को बताएं।